आल इंडिया पोस्टल एम्प्लाइज यूनियन द्वारा केंद्रीय आवाहन पर दो दिवसीय हड़ताल दिनांक20-02-13तथा 21-02-13को प्रधान डाक घर समेत कई डाक घरो का काम काज ठप्प रखा गया I
२१-०२-१३ की हड़ताल की झलकिया
हड़ताल के दौरान इत्मीनान से धूप में बैठकर समाचार पत्र पढता कर्मचारी
शाहजहांपुर : श्रमिक संगठनों के हड़ताल का दूसरा दिन संगीनों के साए में बीता। नोएडा में हुए हड़तालियों के बवाल करने के मद्देनजर पीएसी, पुलिस के जवान साए की तरह हड़तालियों के साथ घूमते रहे। हड़ताल के दूसरे दिन परिवहन, स्वास्थ्य, बैंकिंग व्यवस्था, फैक्टरियों में उत्पादन ठप रहने से अरबों का कारोबार प्रभावित हुआ। जगह-जगह धरने पर बैठे, जुलुस निकाल रहे कर्मी अपनी मांगे मनवाने के लिए केंद्र सरकार को मजबूर करने का दम भरते नजर आए। पब्लिक पहले दिन की तरह ही बेचारी बनी यहां-वहां भटकती रही। बाजार में मजदूरों के आंदोलन का मिला जुला असर रहा। रोडवेज के एआरएम तथा एआरटीओ प्रवर्तन ने रोडवेज बस अड्डे से निजी बसों का संचालन कराया लेकिन यह व्यवस्था यात्रियों के लिए नाकाफी साबित हुई। एटीएम मशीनों के शो पीस बने रहने से परेशानी बढ़ी रही।
चुस्त रही पुलिस, चौकन्नी पीएसी
हड़तालियों का हंगामा करने से जिले में हायतौबा न मचे इसके लिए एसपी चंद्रप्रकाश ने तीन सेक्शन पीएसी जवान, दो थानेदार, क्यूआरटी (क्विक रिएक्शन टीम) को लगा दिया। सुबह से ही पीएसी तथा पुलिस के जवान कंधे पर असलहा टांगे, हाथ में डंडा लिए गश्त करते दिखे। एएसपी सिटी एनएन भारद्वाज, सीओ सिटी, इंस्पेक्टर सुबेदार सिंह यादव फोर्स की मॉनिटरिंग करते रहे।
बरकरार रहे हड़तालियों के तेवर
हड़तालियों के तेवर में दूसरे दिन भी कमी नहीं दिखी। बैंककर्मी, डाक, स्वास्थ्यकर्मी, परिवहनकर्मी अपनी-अपनी यूनियनों के बैनर तले दफ्तरों के सामने धरने पर डटे रहे। मांगों से संबंधी गगनभेदी नारे जनमानस, अफसरों को हड़ताल का आभास कराते रहे। बैंककर्मियों ने जुलूस की शक्ल में अलग-अलग बैंक शाखाओं के समक्ष पहुंचकर हंगामा किया। अफसरों पर हड़तालियों का भय इस कदर हावी रहा कि बैंकों के ताले खोलने की किसी ने हिम्मत नहीं की।
सुविधाओं से वंचित, बेचारी बनी पब्लिक
पुराना जिला अस्पताल में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के आंदोलन करने से स्वास्थ्य व्यवस्थाएं चरमराई रहीं। स्वास्थ्य लाभ न मिलने के कारण सरकारी अस्पतालों के बजाय लोग निजी अस्पतालों की शरण लिए रहे। मंत्री दिनेश चंद्र सक्सेना, राकेश चंद्र ने कहा कि सरकार आंदोलन की भाषा ही समझती हैं। सातवें वेतन आयोग के लागू करने, महंगाई भत्ते का 50 प्रतिशत मूल वेतन में लागू करने समेत दर्जन भर मांगें अरसे से लंबित हैं। प्रधान डाक घर में आल इंडिया पोस्टल इम्प्लाइज यूनियन ने आंदोलन कर आवाज बुलंद की। 18 सूत्रीय मांगों वाले पोस्टर, बैनर से आंदोलन स्थल पटा रहा।
बरेली की डाक शाहजहांपुर में उतारी गई
पब्लिक को राहत देने के लिए दिल्ली से आई रेलवे की डाक बरेली के बजाय शाहजहांपुर में उतारी गई। बरेली में कर्मियों और रेलवे स्टेशन पर तैनात डाक कर्मियों के हड़ताल के कारण डाक नहीं उतारी जा सकी। कई ट्रेनों से डाक उतारे जाने के कारण आरएमएस (रेल मेल सर्विस) दफ्तर में पैकेट रखने की जगह नहीं बची। अधिकारियों ने बताया कि रेल-मेल-जेल कभी बंद नहीं होता। हम तो पब्लिक की सेवा कर रहे हैं। पब्लिक को परेशानी न हो इसके लिए कोशिश की जा रही है।
अफसरों ने भेजी कई बसें
रोडवेज के एआरएम राजेश कुमार तथा एआरटीओ प्रवर्तन शिखर ओझा ने दूसरे दिन दर्जन भर बसों को रोडवेज बस अड्डे से रवाना कराया। हड़ताली रोडवेजकर्मी विरोध न करें इसके लिए पुलिस, पीएसी के जवान तैनात किए गए थे। अफसरों के प्रयास से गंतव्य तक पहुंचने के लिए परेशान यात्रियों ने राहत की सांस ली। निजी बसों के परिचालकों को रोडवेज प्रशासन ने बकायदा भाड़ा सूची उपलब्ध कराई, ताकि कोई परेशानी न हो।
कामगारों ने कच्चे माल को नहीं छुआ
ओसीएफ फैक्टरी, कृभको श्याम फर्टीलाइजर्स, रोजा शुगर वर्क्स आदि फैक्टरियों के मजदूर दूसरे दिन हड़ताल को लेकर कटिबद्ध रहे। हड़ताली कामगारों ने कच्चे माल को छूआ तक नहीं। ऐसे में फैक्टरियों में उत्पादन प्रभावित रहा। हड़ताली मजदूर अपने-अपने यूनियन के बैनर तले आंदोलन को धारदार बनाने में जुटे रहे। ओसीएफ कर्मियों का फैक्टरी गेट के सामने धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। मांगों के समर्थन में नारेबाजी कर आवाज बुलंद करते रहे। हड़ताली कर्मचारियों ने कहा कि रक्षा उत्पादन में निजीकरण रोकने, खाली पड़े पदों पर नियुक्ति समेत 15 सूत्रीय मांगों को पूरा करने में लेटलतीफी का केंद्र सरकार पर आरोप लगाया। नई पेंशन योजना रद कर समान पेंशन योजना लाने की मांग उठाई गई।
आंदोलन में केरू कंपनी डिस्टलरी इम्लाइज यूनियन के मंत्री रवींद्र शर्मा, कृभको श्याम फर्टिलाइजर्स कर्मचारी यूनियन के रमेश चंद्र, जिला मंत्री अरुण गुप्ता, उत्तर प्रदेश मेडिकल एवं सेल्स रिप्रेजेंटेटिव एसोसिएशन के मुरारी दीक्षित, असित मिश्रा, विपिन शुक्ला आदि मौजूद रहे।
ट्रेड यूनियनों के देशव्यापी कार्य बहिष्कार के आह्वान पर लोक निर्माण विभाग परिसर में प्रशासनिक अधिकारी अनिल कुमार की अध्यक्षता में पंजिका में हस्ताक्षर के बाद कार्य बहिष्कार किया गया। डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ, मिनिस्टीरियल एसोसिएशन नियमित कर्मचारी संघ चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संघ एवं वाहन चालक संघ ने सामूहिक रूप से कार्य बहिष्कार में हिस्सा लिया। दिनेश चंद्र मिश्र, एसपी पांडेय, अफसार अली, रक्षपाल सिंह, एम रहमान, शैलेंद्र अवस्थी, पीएस भटनागर, साबिर, मुनीश चंद्र, चिरौंजी लाल आदि मौजूद रहे।
साभार- दैनिक जागरण