शाहजहांपुर : आम बजट से कर्मचारी बेहद खफा है। उनका कहना है कि सरकार ने कर्मचारियों को कुछ भी नहीं दिया। आयकर स्लैब के बढ़ने की आशा पर पर भी कुठाराघात किया।
अखिल भारतीय केन्द्रीय कर्मचारी संगठन समन्वय समिति के महामंत्री अरुण प्रताप सिंह बोले कि सरकार ने कर्मचारियों को पूरी तरह निराश किया। आयकर में मात्र दो हजार की राहत देकर खाना पूरी कर दी गई। हीरे के दाम घटाकर संपन्न वर्ग को खुश किया गया। आल इंडिया इंश्योरेंस फील्ड आफिसर्स वेलफेयर एसोसिएशन के मंडल सचिव राजीव सिंघल ने बजट को घोर निराशाजनक बताया। कहा कि इंश्योरेंस सेक्टर का देश की प्रगति में अहम योगदान है। उम्मीद थी 80 सी में बीमा बचत की आयकर सीमा बढ़ेगी, लेकिन निराशा ही हाथ लगी। टैक्स बढ़ाकर महंगाई का बोझ भी डाल दिया गया है। डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ के नेता एचएन मिश्रा, एम रहमान ने भी बजट को कर्मचारी विरोधी बताया। कर्मचारी नेता पवन मिश्रा, बीएस सांख्यधर, दिनेश दीक्षित, केपी सिंह तथा बीकेएसबीडी के मंडल सचिव आरएन तिवारी ने भी बजट को बेकार बताया। शिक्षिका शशि सिंह का कहना है कि महिला बैंक वाला कदम अच्छा है। लेकिन आयकर सीमा की छूट न बढ़ाना उचित नहीं है।
साभार - दैनिक जागरण ०१-मार्च २०१३
अखिल भारतीय केन्द्रीय कर्मचारी संगठन समन्वय समिति के महामंत्री अरुण प्रताप सिंह बोले कि सरकार ने कर्मचारियों को पूरी तरह निराश किया। आयकर में मात्र दो हजार की राहत देकर खाना पूरी कर दी गई। हीरे के दाम घटाकर संपन्न वर्ग को खुश किया गया। आल इंडिया इंश्योरेंस फील्ड आफिसर्स वेलफेयर एसोसिएशन के मंडल सचिव राजीव सिंघल ने बजट को घोर निराशाजनक बताया। कहा कि इंश्योरेंस सेक्टर का देश की प्रगति में अहम योगदान है। उम्मीद थी 80 सी में बीमा बचत की आयकर सीमा बढ़ेगी, लेकिन निराशा ही हाथ लगी। टैक्स बढ़ाकर महंगाई का बोझ भी डाल दिया गया है। डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ के नेता एचएन मिश्रा, एम रहमान ने भी बजट को कर्मचारी विरोधी बताया। कर्मचारी नेता पवन मिश्रा, बीएस सांख्यधर, दिनेश दीक्षित, केपी सिंह तथा बीकेएसबीडी के मंडल सचिव आरएन तिवारी ने भी बजट को बेकार बताया। शिक्षिका शशि सिंह का कहना है कि महिला बैंक वाला कदम अच्छा है। लेकिन आयकर सीमा की छूट न बढ़ाना उचित नहीं है।
साभार - दैनिक जागरण ०१-मार्च २०१३